ग्राम डाढ़ा में किसानों की हुंकार: 20 जुलाई का अनशन होगा ऐतिहासिक, 4% आवासीय प्लॉट लेकर रहेंगे
ग्रेटर नोएडा, ग्रेटर नोएडा विकास प्राधिकरण से प्रभावित किसानों की मांगों को लेकर ग्राम डाढ़ा में आयोजित विशाल किसान बैठक में शेष 4% आवासीय प्लॉट की मांग को लेकर चल रहे आंदोलन को निर्णायक चरण में ले जाने का संकल्प लिया गया। बैठक में किसानों ने एकजुट होकर आगामी 20 जुलाई को ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण पर प्रस्तावित अनशन को ऐतिहासिक बनाने का आह्वान किया।
बैठक में वक्ताओं ने कहा कि किसानों के साथ हुए समझौते में 4% आवासीय प्लॉट दिए जाने का स्पष्ट प्रावधान था, लेकिन वर्षों बीत जाने के बावजूद इस समझौते को पूर्ण रूप से लागू नहीं किया गया। किसानों ने इसे वादाखिलाफी बताते हुए कहा कि उनके वैधानिक अधिकारों की लगातार अनदेखी की जा रही है।
वक्ताओं ने कहा कि किसानों को उनके अधिकार से वंचित रखना न केवल समझौते की भावना के विरुद्ध है, बल्कि भारतीय संविधान के अनुच्छेद-14 के तहत समानता के अधिकार का भी उल्लंघन है। उन्होंने सवाल उठाया कि जब समान परिस्थितियों में अन्य किसानों को लाभ दिया गया है, तो शेष किसानों को उनका अधिकार देने में देरी क्यों की जा रही है।
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बैठक में किसानों ने स्पष्ट घोषणा की कि 4% आवासीय प्लॉट कोई दया, कृपा या एहसान नहीं, बल्कि उनका वैधानिक, संवैधानिक और न्यायोचित अधिकार है। किसानों ने कहा कि अब आंदोलन निर्णायक दौर में प्रवेश कर चुका है और जब तक प्रत्येक पात्र किसान को उसका अधिकार नहीं मिल जाता, तब तक संघर्ष और अधिक तेज किया जाएगा।
सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि 20 जुलाई को ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण पर आयोजित अनशन में हजारों किसान, महिलाएं, युवा एवं ग्रामीण बड़ी संख्या में पहुंचकर अपनी एकजुटता का प्रदर्शन करेंगे। किसानों ने सभी प्रभावित गांवों से अधिकतम भागीदारी सुनिश्चित करने की अपील करते हुए कहा कि यह आंदोलन केवल 4% आवासीय प्लॉट का नहीं, बल्कि किसान सम्मान, न्याय और अधिकार की लड़ाई है।
बैठक के अंत में किसानों ने एक स्वर में अपने संकल्प को दोहराते हुए नारे लगाए—
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- “4% आवासीय प्लॉट हमारा अधिकार है, कोई एहसान नहीं!”
- “हक लेकर रहेंगे, झुकेंगे नहीं!”
- “वादा निभाओ, 4% प्लॉट दो!”
- “किसान एकता ज़िंदाबाद!”
- “अन्याय नहीं सहेंगे, अपना हक लेकर रहेंगे!”






